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11 May, 2026
राज्य
Updated Wed, 5 May 2021 12:35 IST
रायपुर। देश में कोरोना महामारी में ना केवल परिस्थितियों को बदला है बल्कि नहीं आवश्यकताओं को भी जन्म दे दिया है। आपातकाल से निपटने के लिए सबसे ज्यादा यदि कोई बात आवश्यक है तो वह है स्वास्थ्य सेवाएं ईमरजैंसी केयर टेक्निशियन।
छत्तीसगढ़ सरकार को यह बात पूरी तरह समझ में आ चुकी है लिहाजा वर्तमान परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए शासन ने अब मेडिकल फील्ड में युवाओं को कैरियर बनाने के लिए रास्ते खोलना शुरू कर दिया है। सरकार को यह बात समझ आ चुकी है कि कोविड महामारी के दौरान इमरर्जेंसी केयर की अत्यंत आवश्यकता होती है।
इसको ध्यान में रखते हुए राज्य के सभी मेडिकल काॅलेजों में इमरर्जेंसी केयर टेक्निशियन का 01 वर्षिय सर्टिफिकेट प्रशिक्षण पाठ्यक्रम प्रारंभ किया जा रहा है। इसमें प्रवेश के लिए 12वीं परीक्षा फिजिक्स, केमेस्ट्री, बायोलाॅजी के साथ उत्तीर्ण होना आवश्यक होगा। इस कोर्स में एक्सरे, पेथोलाॅजी, पैरामेडिकल टेक्निशियन आदि के पाठ्यक्रम संचालित किए जाएंगे।
प्रदेश के 06 शासकीय मेडिकल चिकित्सा महाविद्यालय – रायपुर, बिलासपुर, जगदलपुर, रायगढ़, राजनांदगांव व अम्बिकापुर में यह पाठ्यक्रम शीघ्र ही संचालित किया जाएगा। इस संबंध में चिकित्सा शिक्षा विभाग ने कल स्वीकृति आदेश जारी कर दिया है।
बिगड़ी हुई परिस्थितियों में प्रदेश के युवा इमरजेंसी के टेक्नीशियन के रूप में कैरियर बनाने के लिए कितने उत्सुक हैं इस बात को लेकर फिलहाल कोई दावा नहीं किया जा सकता लेकिन उनका यह चुनाव बेहतरी की दिशा में बड़ा कदम होगा इस बात से इनकार भी नहीं किया जा सकता। आज जहां रोजगार की मारामारी है, ऐसे में 1 वर्षीय पाठ्यक्रम के जरिए रोजगार की दिशा में यह कदम सार्थक निर्णय वाला साबित हो सकता है।







