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11 May, 2026
राज्य
Updated Fri, 7 May 2021 21:30 IST
हरियाणा में बेकाबू हो रहे कोरोना संक्रमण से निपटने के लिए प्रदेश सरकार सेवानिवृत्त डॉक्टरों की नियुक्ति करेगी। नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम) के तहत भर्ती होने वाले इन चिकित्सकों को रोजाना दस हजार रुपये का मेहनताना दिया जाएगा। प्रदेश में संक्रमण की दर तेजी से बढ़ रही है।
ऐसे में संक्रमितों के इलाज में स्पेशलिस्ट चिकित्सकों की कमी आड़े आ रही है। लिहाजा इस स्थिति से निपटने के लिए प्रदेश सरकार ने एनएचएम के तहत 852 चिकित्सक की भर्ती करने का फैसला लिया है।
इन चिकित्सकों को उनकी विशेषज्ञता के आधार पर अच्छी खासी तनख्वाह दी जाएगी। हरियाणा मेडिकल सर्विसेज (एचसीएमएस) कैडर के सेवानिवृत चिकित्सा अधिकारियों को भी सेवा में लिया जाएगा।
हालांकि एचसीएमएस डॉक्टर की उम्र 70 साल से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। इन डॉक्टरों को एक साल के लिए अपनी सेवाएं देनी होंगी ताकि महामारी पर काबू पाया जा सके
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के मुख्य सचिव विजयवर्धन ने हाई कोर्ट को सौंपी स्टेटस रिपोर्ट में कहा है कि ज्यादा से ज्यादा डॉक्टरों की सेवाएं लेने से कोरोना के प्रसार को रोकने में मदद मिलेगी। सरकार के तमाम प्रयासों के बावजूद भी कोरोना संक्रमण काबू नहीं हो रहा है। लाकडाउन लगाने के बावजूद संक्रमण की दर तेजी से बढ़ रही है।
फिलहाल प्रदेश में संक्रमण की दर 7.17 फीसद पर पहुंच गई है और रिकवरी रेट 79.10 फीसद पर ठहरा हुआ। मृत्यु दर में प्रदेश कहीं ज्यादा बेहतर स्थिति में है। प्रदेश में महज 0.88 फीसद ही मृत्यु दर है, जिससे चिकित्सकों का हौसला लगातार बढ़ रहा है।







